12
November 2014
09:00
-इंदु बाला सिंह
बच्चे ही वक्त हैं
.न तो गुजरा हुआ
और
न ही आनेवाला
वे ही आज हैं
दबंग
के
मुंह पर तमाचा हैं
बच्चे ही शिक्षक हैं हमारे
बच्चे ही कहने का दम रखते हैं
हमारी कहानियों में
कि ..........
अरे !
ये राजा नंगा है
बच्चे नहीं तो
हम नहीं |
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