ek chouthayee akash
My 3rd of 7 blogs, i.e. अनुभवों के पंछी, कहानियों का पेड़, ek chouthayee akash, बोलते चित्र, Beyond Clouds, Sansmaran, Indu's World.
बुधवार, 5 अगस्त 2026
आदिवासी समाज में प्रेम विवाह
मंगलवार, 4 अगस्त 2026
भगवान के पैसे
कम आमदनी थी
ऑफिस जाने का भाड़ा के लिए
वह अपनी माँ के भगवान के सामने रखे सिक्के चुरा लेती थी
भगवान जी !
मैं अगले महीने तनख्वाह मिलने पर लौटा दूंगी
और
वह हर महीने भगवान की मूर्ति के सामने वापस रख भी देती थी
हर महीने कोई नई जरूरतें पैदा हो जातीं थीं
और
उसे भगवान के सामने रखे पैसे उठाना पड़ता था ।
शुक्रवार, 31 जुलाई 2026
ऊंची जाति की शान
वह प्राइवेट सि्कयुरिटी गार्ड था
उसने शान से कहा था
हम ऊंची जाति के हैं
ये लोग अंबेडकर वाले हैं
आखिर कैसे यह विचार पनपा उस शहरी गार्ड के मन में
सोचनीय मुद्दा है ।
मंगलवार, 28 जुलाई 2026
सुख का पौधा
मन के अंधियारे में लगा
एक सुख का पौधा
सूखे ना
सदा रहे हरियाया
दुख के बादल में
ग़म के कुहासे में
न फले और न ही फूले
प्राणवायु बने
नैनों में चमके ।
सोमवार, 27 जुलाई 2026
पिता और बेटी
शुक्रवार, 24 जुलाई 2026
कर्मगति
बेहया
परिस्थितियों की आंधी में
मैं फौलाद बनना चाही
पिता जैसा मजबूत बनना चाही
दयालु और दृढ़ निश्चयी बनना चाही
मेहनतकश बनना चाही
दिन बीतते गये
मैने माँ की तरह बच्चे पैदा किये
बच्चे बड़े हुए
और
औरत ही बनी रही
न तो माँ बन सकी और न ही पिता
बस
बेहया का पौधा बन गई ।