मंगलवार, 2 दिसंबर 2014

निपूती भली


02 December 2014
09:24



-इंदु बाला सिंह 

निपूती ही भली थी
तू 
इतना क्यों फर्क ?
कोई खेले कम्प्यूटर से 
कोई भटके भूखा 
सड़क पे 
जूठन खोजे पत्तलों में 
बोल न माँ |

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