13
December 2014
15:44
-इंदु बाला
सिंह
न जाने क्यूं
लगता है
औरत कुछ भी
नहीं है
पर
सब कुछ है
महसूस
एक दिन मन ने पूछा बुद्धि से -
कहीं औरत ही
भगवान तो नहीं .........
इस विचित्र
बात पे
बुद्धि
इतनी जोर से
डपटा उसे
कि
भयभीत मन बुझ
गया
और
चुप मार के सो
गया |
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