22
January 2015
07:19
-इंदु बाला
सिंह
यह
कैसा सम्बन्ध है !
जहां दबे शब्दों में वसूला जाता है दहेज
यह कैसा बीज
डालते हैं हम
अपने खूबसूरत
सम्बन्ध मे
कि
रक्त
सम्बन्धियों के साथ मिल कर
किसी की बेटी
का मान मर्दन हो जाता है हमारे हाथों
अरे !
पुरुष हो
पुरुषार्थ करो
तुम
नेट के पोर्न
साईट पर किसीकी बेटी का विडियो डालने की धमकी न शोभा दे तुम्हें
अरे !
मन जीतो
...............
सम्बन्ध तो
सदा समझौतों से बनते हैं
त्याग की
ऊष्मा में फलते फूलते हैं |
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