मंगलवार, 20 मई 2014

न खड़े होने का अफ़सोस


18 May 
2014
13:11


-इंदु बाला सिंह

काश 
मैं भी खड़ी होती 
चुनाव में 
तो 
मैं भी 
आज चुनाव जीत गयी होती .......
मेरी गर्वीली बात सुन 
हंस कर बोली 
बिटिया मेरी 
ओह माँ 
तुम्हारे तो पैर दुखते हैं 
तुम कैसे 
खड़ी होओगी
और 
मैं 
उसका उत्तर सुन 
बगलें झाँकने लगी |

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