30 April
2014
07:18
-इंदु बाला सिंह
सुबह सुबह
साढ़े पांच बजे
प्यारा सा
गोल मटोल
लगभग
छ: वर्षीय बच्चा
एक दुबले पतले
आदमी से कुछ दूर
चल रहा था
मैदान में
ट्रैक पर
और दूरी बढ़
जाने से
दौड़ रहा था
उसके साथवाला
दुबला आदमी
बच्चे का पिता
लग ही न रहा था ........
मैदान का गेट
आते ही
बच्चा रुक गया
अब उस बच्चे
को घर जाना था
पर
पापा आगे बढ़ते
गये
बीस मीटर की
दूरी बन गयी दोनों के बीच .....
पापा s s s .....
जोर की आवाज
आयी बच्चे की
आ जाओ s s s .......
मुड़ कर
चिल्लाये पापा
रुको
पापा s s s ....
बच्चा
चिल्लाया और दौड़ा
नहीं रुकेंगे
...
अब पापा जी
दौड़ने लगे
दूरी बढ़ने लगी
फिर दोनों के बीच की
चाभी नहीं
दूंगा .....
बच्चा रूका
और
हाथ की चाभी
दिखा कर धमकाया
पापा से उत्तर
न पाने पर
फिर दौड़ने लगा
वह
पापा तक
पहुंचने के लिए
पापा s s s .....
फिर आवाज
गूंजी
बच्चे की
गेट तक पहुंच
कर रुक गये पापा जी
थोड़ी देर बाद
पापा बेटा सड़क
पर थे
आकाश केवल रंग
बिखेर रहा था |
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