कहते हैं
पुरुष समझदार
और सहिष्णु नहीं होते
पर
वह समझदार था
पुरुषों की
नौकरी छूट जाय तो मिलना मुश्किल है
वह अपने तीन
वर्षीय पुत्र और बूढ़ी माँ के साथ घर में रहता था
घर के काम
करता था
पत्नी सरकारी
कर्मचारी थी
घर से कभी
लडाई झगड़े की आवाज न आई
शादी विवाह
त्यौहार में घर के चारो प्राणी घर से बाहर निकलते थे एकसाथ
अन्य दिन बूढ़ी
माँ घर में रहती थी
और तीन प्राणी
घर से बाहर निकलते थे
पड़ोसियों के
लिए अजूबा घर था
जब पत्नी का
ट्रांसफर हुआ
चारों चले गये मुहल्ला छोड़ कर
वर्षों याद
रखा हमने वो परिवार
आज लिपिबद्ध
किया |
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