बुधवार, 15 जुलाई 2020

खाना चाहिये


07:55
21/06/20
-इन्दु बाला सिंह
खाना चाहिये मुझे
देह दूरी मेरे काम की नहीं
कोरोना से न लागे डर............
पेट की आग
और
बच्चों की आशा भरी भूखी निगाहें डराती हैं मुझे........
गेट का कालिंग बेल बजा के अपने बच्चे के लिये खाना माँगा
मिली गालियाँ
साली सब आ जाती हैं ...माँगने ....बच्चे के लिये खाना... पैदा करते समय नहीं सोंचा था कि कौन खिलायेगा खाना.... कोरोना ढोती फिरती हैं कमीनियाँ
मुझे तो खाना चाहिये
अपने अपने बच्चों के लिये
ऐसे ही कितने मकानों के बनते समय मैंने ही तो बेलचा से बालू में सीमेंट मिलाया था ....मसाले की कढ़ायी अपने सिर पर धोया था और मेरे यही बच्चे बालू की ढेरी पर खेलते रहते थे .......
दिमाग सुन्न है
कोई नहीं सुनता किससे कहुं ?
मेरा मर्द तो भगोड़ा निकला ।

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