छोड़ देते हैं
साथ सब
जब आपको उनकी
जरूरत होती है
अकेले पा
आपको
आपका अनुभव
और आत्मविश्वास चलने लगता है आपके साथ साथ
बियाबान बन
हो या रेतीला मैदान
बस मौन चलने
लगते हैं आप अपने ही प्रकाश पुंज के सहारे
मन का दृढ
विश्वास चित्त शांत कर देता है
आपके कदम
मजबूत हो जाते हैं
स्वयं को
अकेला सोंचना
जीवन की सबसे
बड़ी भूल होती है |
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