30
September 2015
22:41
-इंदु बाला
सिंह
दस हजार की
तनख्वाह पानेवाले सुपुत्र होते हैं
मिलती है
उन्हें
अपने ब्याह
में
कार
जेवर के साथ लड़की
पर
दस हजार
तनख्वाह पानेवाली लड़की सुपुत्री नहीं होती
उसके जन्मदाता
अपनी दुखी
रहते हैं
उनकी बेटी
बिनब्याही रहती है
वह
आजीवन समाज से
कटी
अपनों के लिये
बोझ बनी रहती है
बस सुधार का
सपना देखते रह
जाते हैं हम |
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