मार के ताने
निकाले वो तनाव
बर्फीली
माँ पे |
निस्तब्ध रात्रि
के खालीपन में है
मुस्काया भाव |
पिता सूरज
को देखते ही भागा
काला बादल |
समर स्थल ही
है मेरा प्रिय साथी
घरबार
भी |
My 3rd of 7 blogs, i.e. अनुभवों के पंछी, कहानियों का पेड़, ek chouthayee akash, बोलते चित्र, Beyond Clouds, Sansmaran, Indu's World.