बुधवार, 27 अप्रैल 2016

पहली बारिश




-इंदु बाला सिंह आज गरज गरज कर बादल ने अपने छोटे भाई सूरज को धमकाया ......... वह वह कहीं छुप गया है ....... ठंडी हवा चल रही है।....... बादल ने आश्वासन दिया है हमारे शहर को वह हमारी सड़कें धो देगा ..... पेड़ पौधों को सींच देगा ....... आज जी आशान्वित है ..... यूँ लगताहै आज अंकुरित होगा ...... सूखा जी ।

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