खाना पकाते समय हाथ में आता है
भगोना , थाली , डेगची
और
उनके संग जगता है सोया इतिहास
गैस चूल्हे के संग जगती है
कोयले की अंगीठी
और
कोयला खरीदने के लाइन में लगी एक बालिका
और
हंगामा
कुचली जाती है
कोयला भरे ट्रक से लाइन में लगी पांच वर्षीय लड़की .....
सेल के टाउनशिप की बेटी मैं
याद करती हूं
सेल का अस्पताल
डाक्टर की लाइन में एक पंद्रह वर्षीय लड़की
दर्द देते दांत को निकलवा कर साइकिल से लौटती घर
रात में कम्युनिटी सेंटर में फिल्म देख कर पड़ोसियों के संग लौटती लड़की
बस सांसे लेती रहती है वह अबोध लड़की .....
हम लिख नहीं पाते भविष्य तो
दुलारता है भूतकाल ।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें